विनोद नेताम
(Raipur Desck)
छत्तीसगढ़ की सहकारिता व्यवस्था में लंबे समय से चले आ रहे घोटालों, घाटे, भ्रष्टाचार और राजनीतिक हस्तक्षेप पर अब केंद्र सरकार ने बड़ा और सख्त कदम उठाने की तैयारी कर ली है। सहकारिता क्षेत्र को पारदर्शी, जवाबदेह और आधुनिक बनाने के लिए केंद्र स्तर पर व्यापक सुधार योजना तैयार की गई है, जिसका सीधा असर प्रदेश की प्राथमिक कृषि साख समितियों (PACS) और धान खरीदी व्यवस्था पर देखने को मिलेगा।
नई नीति के तहत अब केवल अफसरशाही नहीं, बल्कि तकनीक आधारित मॉनिटरिंग और जवाबदेही से सहकारिता संस्थाओं का संचालन किया जाएगा। पंचायत स्तर तक नई समितियों के गठन, डिजिटल रिकॉर्ड सिस्टम और ऑनलाइन निगरानी व्यवस्था लागू करने पर जोर दिया जा रहा है ताकि किसानों को समय पर लाभ मिल सके और भ्रष्टाचार पर रोक लगे।
•सहकारिता व्यवस्था में बड़ा बदलाव
•अफसरशाही की जगह नई नीति लागू
•घोटालों और भ्रष्टाचार पर सख्ती
•राजनीतिक कब्जे पर केंद्र का बड़ा वार
•पंचायत स्तर पर नई समितियों का गठन
•PACS को बनाया जाएगा मल्टी सर्विस सेंटर
•डिजिटल मॉनिटरिंग और ऑनलाइन निगरानी
•धान खरीदी प्रक्रिया में पारदर्शिता
•किसानों को एक जगह कई सुविधाएं
•फर्जीवाड़ा और बिचौलियों पर रोक
•ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगी मजबूती
•सहकारिता क्षेत्र में जवाबदेही बढ़ेगी
केंद्र सरकार की योजना के अनुसार PACS को अब केवल ऋण वितरण तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि उन्हें मल्टी सर्विस सेंटर के रूप में विकसित किया जाएगा। यहां किसानों को खाद-बीज, बैंकिंग सुविधा, कॉमन सर्विस सेंटर, भंडारण और अन्य ग्रामीण सेवाएं एक ही जगह उपलब्ध कराने की तैयारी है।
धान खरीदी प्रक्रिया को लेकर भी बड़े बदलाव की तैयारी है। खरीदी केंद्रों में डिजिटल सत्यापन, ऑनलाइन रिकॉर्ड और भुगतान प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने पर जोर दिया जा रहा है, ताकि फर्जीवाड़ा, बिचौलियों और गड़बड़ियों पर नियंत्रण लगाया जा सके।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह फैसला सहकारिता संस्थाओं में वर्षों से चले आ रहे राजनीतिक कब्जे और आर्थिक अनियमितताओं पर सीधा प्रहार माना जा रहा है। आने वाले समय में इसका असर प्रदेश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था और किसानों की व्यवस्था पर व्यापक रूप से दिखाई दे सकता है।

अमित कुमार मंडावी बालोद, छत्तीसगढ़ आधारित अनुभवी वरिष्ठ पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 8 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे जमीनी स्तर की सटीक रिपोर्टिंग और निष्पक्ष पत्रकारिता के लिए पहचाने जाते हैं। वर्तमान में वे Chhattisgarhjunction.in के माध्यम से अपराध, प्रशासन, सामाजिक मुद्दों, ग्रामीण समस्याओं और जनहित से जुड़ी खबरों को प्रमुखता से सामने लाते हैं।

