धान खरीदी की तारीख 10 फरवरी तक बढ़ाये सरकार-तारेंद्र चंद्राकर, अध्यक्ष (किसान विंग),आम आदमी पार्टी।

विनोद नेताम

किसानों की धान की खरीदी राशि की जिला सहकारी बैंक की अनिवार्यता ख़त्म कर अन्य बैंकों में भी राशि दे सरकार- अभिषेक मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष,आम आदमी पार्टी।
छत्तीसगढ़/बालोद :-  5 जनवरी 2026 :- आम आदमी पार्टी के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष उत्तम जायसवाल ने कहा कि छत्तीसगढ़ में धान खरीदी में प्रदेश के किसानों को अनेक परेशानियां हो रही हैं और इस पर सरकार द्वारा ध्यान नहीं दिया जा रही है और जब से धान खरीदी चालू हुई है तब से हमारी पार्टी ने लगातार किसानों से जुड़े मुद्दों पर विज्ञप्ति, ज्ञापन दिया है और 12 दिसंबर 2026 को प्रदेशव्यापी धरना प्रदर्शन भी किया था लेकिन सरकार किसानों की लगातार अनदेखी कर रही है। आम आदमी पार्टी के छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष (किसान विंग) तारेंद्र चंद्राकर ने बताया कि अभी सरकार ने धान खरीदी की समय सीमा 31 जनवरी 2026 रखी है चूंकि अनेक समस्या के कारण धान इस बार खरीदी लेट से हुई है इसलिए  धान खरीदी  10 फरवरी की जानी चाहिए ताकि किसान अपनी पूरी फसल बेंच सकें। साथ ही स्वर्णा धान को बारीक धान की कैटेगरी में लिया जाए जो अभी मोटे धान में सरकार ले रही है। वर्तमान में किसानों की पंजीयन या रकबा सुधार या अन्य कारणों से जो किसान छूट गए हैं उन्हें प्रक्रिया पूरी कराकर धान खरीदी का समय बढ़ाकर सुनिश्चित किया जाए ताकि कोई भी किसान ना छूटे।

प्रदेश उपाध्यक्ष अभिषेक मिश्रा ने कहा कि बैंक में भुगतान की राशि जिला सहकारी बैंकों को छोड़ अन्य बैंकों जिसमे किसान चाहे आना चाहिए सहकारी बैंक की अनिवार्यता समाप्त होनी चाहिए। वर्तमान में बैंकों में किसानों को 25000 करके जो राशि दी जा रही है वो किसान की आवश्यकता के अनुसार मिले अगर पूरा चाहे तो पूरा मिले ये किस्त वाला सिस्टम बंद हो। धान खरीदी केंद्रों में धान लेकर केंद्रों के अंदर जाते समय किसान की फोटो खींचने की अनिवार्यता समाप्त की जाए व टोकन लेकर जाने वाले व्यक्ति को अंदर जाने दिया जाए भले तौल के बाद किसान आकर अपना अंगूठा लगाए इतना ही पहरा नीरव मोदी पर लगाते तो विदेश ना भागता जितना किसानों पर सरकार लगा रही है। सरकार को खरीदी शुरू करने के तुरंत बाद डीओ जारी करने और परिवहन का अनुबंध कर लेना था। लेकिन सरकार अनुंबध देरी की और जिससे डीओ नहीं कटने के कारण जाम की स्थिति बनेगी तथा खरीदी प्रभावित हो रही है।
प्रदेश उपाध्यक्ष और प्रदेश प्रवक्ता प्रियंका शुक्ला ने कहा कि यह सरकार की सोची समझी साजिश है ताकि किसानों से कम धान ख़रीदा जा सके। सोसायटियों में लंबे समय तक धान पड़े रहेगा तो धान के सूखत का नुकसान भी सोसायटियो को ही उठाना पड़ेगा। इसमें सोसायटियो को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा। पिछले वर्षो का भी सूखत का पैसा सरकार ने सोसायटियो को जारी नहीं किया है।अनेको सोसायटियो में अभी तक सरकार ने डेली लिमिट नहीं बढ़ाया है।जिसके कारण किसानों पूरी खरीदी नहीं हो पा रही है। सरगुजा क्षेत्र के अमेरा खदान परियोजना में परसोढ़ी कला गांव के तीन फसलीय कृषि भूमि छीनी जा रही है, जिससे वहा के किसानों के पेट पर भी लात पड़ गई है और पारंपरिक तरह से खेती करने वाला वहा के  किसान की बात को सुनकर संवाद करना चाहिए,उनकी मांगों को मानना चाहिए। राज्य सरकार सभी धान खरीदी केंद्रों में साफ पीने के पानी व शौचालय की व्यवस्था करे और ज्यादा से ज्यादा किसानों को एटीएम दिया जाए व वो एटीएम कार्ड सभी बैंकों में चले कम से कम 1 दिन 40 हजार रूपये किसान निकाल सके।
आम आदमी पार्टी ने छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकार को चेताया कि किसानों की इन सभी मांगों को यदि सरकार जल्द ही पूरी नहीं करती है तो 5 फरवरी 2026 को पार्टी किसानों के साथ मिलकर प्रदेशव्यापी उग्र आंदोलन करेगी।

By Amit Mandavi

अमित कुमार मंडावी बालोद, छत्तीसगढ़ आधारित अनुभवी वरिष्ठ पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 8 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे जमीनी स्तर की सटीक रिपोर्टिंग और निष्पक्ष पत्रकारिता के लिए पहचाने जाते हैं। वर्तमान में वे Chhattisgarhjunction.in के माध्यम से अपराध, प्रशासन, सामाजिक मुद्दों, ग्रामीण समस्याओं और जनहित से जुड़ी खबरों को प्रमुखता से सामने लाते हैं।

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