राजस्व अमला गुरूर के भीतर में बेवढ़ा पंथी की गंध से मची हाहाकार! शराब के नशे में पटवारी ने मचाई गदर।

विनोद नेताम

बालोद/गुरुर :- आये दिन शराब के नशे में रहने वाले पटवारी को कई बार पहले भी चेताया गया है,किंतु नही माना तब जाकर उक्त हल्का पटवारी का ट्रांसफर किया है, लेकिन ट्रांसफर होने के बावजूद पटवारी की हिम्मत तो देखिये जरा,कसम उडान छल्ले की,एक तो पटवारी साहब अपने नये पदास्थापना की जगह पर एक दिन भी ड्यूटी ज्वाइन नही किया है और ऊपर से उल्टा तहसीलदार को ही आंय बांय तरीके से तहसील परिसर के भीतर ही सांय सांय गाली गलौज कर फरार हो गया है।
बालोद जिले के गुरूर तहसील क्षेत्र से देवरी तहसील में ट्रांसफर करने के चलते बौखलाये एक हल्का पटवारी ने गुरूर तहसीलदार को शराब के नशे में दिन भर चूराचूर के बाद शाम को लगभग पांच बजे के आसपास में आंय बांय और सांय सांय तरिके से गाली बकने की खबर प्राप्त हुई है। निश्चित रूप से राजस्व अमला तहसील गुरूर के लिये यह वाक्या बहुत ही निंदा जनक घटना माना जा सकता है। अतः इस तरह की घटना से बचना समय की मांग है। उक्त घटनाक्रम के चलते शुक्रवार शाम को पूरे तहसील परिसर के भीतर में हडकंम्प मच गया था। वंही हल्का पटवारी के द्वारा दी जा रही गाली गलौज को सुन व देखकर गुरूर तहसील पसिसर के भीतर मौजूद तहसीलदार हनुमत श्याम ने तत्काल ही थाना गुरूर में फोन कर सूचना दिया। सुचना मिलते ही गुरूर पुलिस की टीम तहसील कार्यालय गुरूर पहुंच गई थी, लेकिन तहसीलदार के द्वारा गुरूर पुलिस को सूचना देते ही हल्का पटवारी शराब के नशे में रफ्फू चक्कर हो गया

दिलीप सिन्हा है शराब के नशे में गुरूर तहसीलदार को गाली बकने वाला हल्का पटवारी का नाम
प्रसाशनिक सेवा सदियों से समाज सेवा का एक महत्वपूर्ण अंश माना जाता रहा है और इसीलिए शायद प्रशासनिक सेवा में कार्यरत रहने वाले अधिकारियों कर्मचारियों की समाज के भीतर में बड़ा नाम व पहचान बना रहता है,लेकिन आधुनिकीकरण इस दौर में प्रशासनिक सेवा से तालुक रखने वाले ज्यादातर लोगों के लिये प्रशासनिक सेवा महज स्वार्थ सिद्धी का एक बडा जरिया बन कर रह गया है और इसीलिये शायद उन्हें मन पंसद पद और जगह के साथ हर सुविधा की दरकार होती है,जबकि यह सुविधा उन्हें किस बाबत प्रदान की जा रही है इस पर उन्हे तनिक भी जानकारी रहे या ना रहे।बहरहाल कुछ ऐसे ही घटनाक्रम से जुडा हुआ एक वाक्या गुरूर तहसील जिला बालोद छत्तीसगढ़ में भी देखा गया है। जंहा पर राजस्व विभाग में पदस्थ एक हल्का पटवारी ने अपनी ट्रांसफर आर्डर को लेकर तहसीलदार को शराब के नशे में गाली गलौज करने की घटना कारित कर डाला है, हालांकि उक्त हल्का पटवारी की ट्रांसफर पर अनुविभागिय अधिकारी गुरूर ने महिने भर से रोक लगा रखा है। बावजूद इसके यह घटना उक्त हल्का पटवारी ने उसका ट्रांसफर करने वाले तहसीलदार के ऊपर कारित किया है। घटना के बाद से हल्का पटवारी दिलीप सिंह फरार चल रहे है वही गुरुर पुलिस के द्वारा उन्हें जगह-जगह तलाश करने की सूचना मिली है।

By Amit Mandavi

अमित कुमार मंडावी बालोद, छत्तीसगढ़ आधारित अनुभवी वरिष्ठ पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 8 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे जमीनी स्तर की सटीक रिपोर्टिंग और निष्पक्ष पत्रकारिता के लिए पहचाने जाते हैं। वर्तमान में वे Chhattisgarhjunction.in के माध्यम से अपराध, प्रशासन, सामाजिक मुद्दों, ग्रामीण समस्याओं और जनहित से जुड़ी खबरों को प्रमुखता से सामने लाते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *